9/11 का मास्टरमाइंड खालिद शेख मोहम्मद कौन? अमेरिका में तय हुई ट्रायल की तारीख

Aug 29, 2026 - 16:44
 0  8
9/11 का मास्टरमाइंड खालिद शेख मोहम्मद कौन? अमेरिका में तय हुई ट्रायल की तारीख

वाशिंगटन

11 सितंबर 2001 की वो घटना कौन भूल सकता है जब आतंकवादियों ने अमेरिका के  वर्ल्ड ट्रेड सेंटर और पेंटागन पर प्लेन को टकरा दिया. टीवी पर इस हमले को देखकर दुनिया सहम गई थी. आरोप अल-कायदा पर लगे और अमेरिका ने अफगानिस्तान में युद्ध छेड़ दिया. अल-कायदा चीफ ओसामा-बिन-लादेन के मारे जाने तक इस हमले के एक-एक आरोपी को अमेरिका ढूंढता रहा. अब इसी मामले के मास्टरमाइंड और तीन अन्य आतंकवादियों की ट्रायल डेट तय हो गई है। 

इतनी देर क्यों हुई
अमेरिकी एयरफोर्स के एक जज ने आदेश दिया कि 11 सितंबर, 2001 को अमेरिका पर हुए हमलों के मुख्य साजिशकर्ता खालिद शेख मोहम्मद और उनके तीन साथियों का मुकदमा जून 2028 में मिलिट्री ट्रिब्यूनल के सामने चलाया जाए. एयरफोर्स के लेफ्टिनेंट कर्नल माइकल श्रमा का यह आदेश मिलिट्री प्रॉसिक्यूशन में एक अहम पड़ाव है. क्यूबा के ग्वांतानामो बे में बंद इन चार लोगों से जुड़े कानूनी गतिरोध के कारण यह मामला दो दशकों से अटका हुआ था। 

पिछले महीने, U.S. की एक अपील कोर्ट ने मोहम्मद और उनके दो साथियों को ऐसे समझौतों के तहत अपना अपराध स्वीकार करने की अनुमति देने से इन्कार कर दिया था, जिनसे उन्हें मौत की सजा से बचाया जा सकता था. अपील पर आए फैसले ने प्ली डील (सजा कम करने के समझौते) के समर्थन में मिलिट्री जज और U.S. कोर्ट ऑफ मिलिट्री कमीशन रिव्यू के फैसलों को पलट दिया. यह समझौता पिछले साल पेश किया गया था और पेंटागन की ग्वांतानामो वॉर कोर्ट की देखरेख करने वाले अधिकारी ने इसे मंजूरी भी दे दी थी, लेकिन रिपब्लिकन सांसदों की आलोचना के बाद तत्कालीन रक्षा सचिव लॉयड ऑस्टिन ने पिछले अगस्त में इसे रद्द कर दिया। 

कब तक होगी सजा
श्रामा के 11 पन्नों के आदेश के तहत, मोहम्मद और उनके तीन सह-आरोपियों — वलीद मुहम्मद सालेह मुबारक बिन 'अताश, मुस्तफ़ा अहमद एडम अल-हौसावी और अली अब्दुल अज़ीज़ अली — पर 5 जून, 2028 से मुक़दमा चलेगा. कार्यवाही की शुरुआत पूरी तरह से सेना के सदस्यों वाले एक पैनल के चयन से होगी, जो मिलिट्री जस्टिस के नियमों के अनुसार मामले की सुनवाई के लिए जूरी के तौर पर काम करेंगे. पैनल के बैठने के 30 कैलेंडर दिनों के बाद शुरुआती बयान शुरू होंगे, इसके बाद अभियोजन पक्ष अपने सबूत पेश करेगा, जिसके बाद बचाव पक्ष 'बेगुनाह' होने के फैसले के लिए याचिकाएं दायर कर सकता है। 

यह आदेश दोनों पक्षों को उन याचिकाओं पर बहस करने और एक-दूसरे का खंडन करने का मौका देता है, साथ ही अभियोजकों को अपना केस फिर से शुरू करने का भी मौका देता है. अभियोजन पक्ष के अपना केस खत्म करने के 60 कैलेंडर दिनों के बाद बचाव पक्ष अपने मुख्य सबूत पेश करता है. मुकदमा सजा सुनाने के चरण के साथ खत्म होता है। 

कौन है खालिद शेख मोहम्मद 
शेख मोहम्मद ग्वांतानामो डिटेंशन सेंटर में सबसे चर्चित कैदी बना हुआ है, जिसे 2002 में तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश ने 11 सितंबर, 2001 के हमलों के बाद विदेशी संदिग्ध उग्रवादियों को रखने के लिए बनाया था. मार्च 2003 में पाकिस्तान में पकड़े जाने से पहले, खालिद शेख मोहम्मद को अल-कायदा नेता ओसामा बिन लादेन के सबसे करीबी सहयोगियों में से एक माना जाता था. 2006 में क्यूबा के ग्वांतानामो बे स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे पर लाए जाने से पहले, उसे तीन साल तक CIA के गुप्त ठिकानों पर कैद रखा गया था। 

खालिद शेख मोहम्मद  का जन्म 1 मार्च 1964 या 14 अप्रैल 1965 कुवैत में हुआ था. मोहम्मद के जन्म से पहले उसके माता-पिता पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत से कुवैत आकर बस गए थे. मोहम्मद का पालन-पोषण कुवैत में हुआ. उसने वहीं के सरकारी हाई स्कूल में पढ़ाई की और किशोरावस्था में ही मुस्लिम ब्रदरहुड का सदस्य बन गया. 1983 में वो उत्तरी कैरोलिना के मफ्रीर्सबोरो स्थित चोवन कॉलेज (अब चोवन विश्वविद्यालय) में दाखिला लेने के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका चला गया. बाद में उसेने उत्तरी कैरोलिना कृषि एवं तकनीकी राज्य विश्वविद्यालय में दाखिला लिया और 1986 में मैकेनिकल इंजीनियरिंग में डिग्री प्राप्त की. स्नातक होने के बाद मोहम्मद अफगानिस्तान चला गया, जहां माना जाता है कि सोवियत संघ के कब्जे के दौरान उसने आतंकवादी प्रशिक्षण प्राप्त किया। 

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0