उद्यमियों ने रखीं मांगें, डिफेंस कॉरिडोर में भूमि आवंटन, इंडस्ट्रियल लैंड को फ्रीहोल्ड करने का प्रस्ताव

Jan 31, 2026 - 16:44
 0  8
उद्यमियों ने रखीं मांगें, डिफेंस कॉरिडोर में भूमि आवंटन, इंडस्ट्रियल लैंड को फ्रीहोल्ड करने का प्रस्ताव

लखनऊ.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ अपर मुख्य सचिवों और प्रमुख सचिवों की उपस्थिति में हुई उद्योग संगठनों और उद्यमियों के साथ विशेष के दौरान मुख्यमंत्री ने बजट 2026-27 के संदर्भ में उद्योग जगत से सुझाव आमंत्रित किए और ईज़ ऑफ डूइंग बिजनेस को और प्रभावी बनाने के लिए उद्यमियों तथा उद्योग संगठनों से व्यावहारिक सुझाव देने का आह्वान किया। 

सीआईआई के वाइस चेयरमैन अभिषेक सराफ ने डिफेंस कॉरिडोर के लखनऊ नोड में औद्योगिक गतिविधियों को गति देने के लिए भूमि आवंटन की आवश्यकता बताई और इस दिशा में शीघ्र निर्णय की अपेक्षा जताई। फिक्की के चेयरमैन मनोज गुप्ता ने औद्योगिक भूमि को फ्रीहोल्ड किए जाने की मांग रखते हुए कहा कि इससे निवेशकों का विश्वास और दीर्घकालिक निवेश दोनों बढ़ेंगे। इंडिया पेस्टीसाइड लिमिटेड  के प्रतिनिधि ने विभिन्न कानूनों के डी-क्रिमिनलाइजेशन के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए इसे उद्योगों के लिए बड़ा और सकारात्मक सुधार बताया।
एसोचैम के को-चेयरमैन ने हसन याकूब 'वन कंपनी- वन रजिस्टर-वन लेटर' जैसी व्यवस्था लागू करने का सुझाव दिया, जिससे अनुपालन प्रक्रिया सरल हो सके। उन्होंने कहा उत्तर प्रदेश के ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ की तर्ज पर फिलीपींस में भी एक कार्यक्रम प्रारंभ किया गया है, जो प्रदेश की नीति की वैश्विक स्वीकार्यता को दर्शाता है। वहीं एसोचैम उत्तर प्रदेश द्वारा युवाओं के प्लेसमेंट के लिए किए जा रहे नियोजित प्रयासों की जानकारी भी साझा की गई।

बैठक में औद्योगिक कौशल और वित्तीय बाजार से जुड़े विषयों पर भी चर्चा हुई। प्रतिनिधियों ने आईटीआई संस्थानों को और विकसित करने, वहां रिसर्च और इनोवेशन को प्रोत्साहित करने तथा इक्विटी मार्केट के विकास की आवश्यकता पर बल दिया। इसे भविष्य की मजबूत औद्योगिक अर्थव्यवस्था के लिए अत्यंत उपयोगी बताया गया।

उद्योग संगठनों द्वारा प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े मामलों में ओटीएस योजना लाए जाने की मांग भी रखी गई। साथ ही यह सुझाव दिया गया कि देश के विभिन्न एक्सपोर्ट काउंसिल्स के साथ उत्तर प्रदेश की एमएसएमई इकाइयों का नियमित संवाद कराया जाए, जिससे निर्यात को बड़े पैमाने पर बढ़ावा मिल सके।

नैस्कॉम के लखनऊ चैप्टर के चेयरमैन रमीश जैदी ने छोटी आईटी कंपनियों के लिए प्लग-एंड-प्ले फैसिलिटी की आवश्यकता बताते हुए कहा कि इससे स्टार्ट-अप्स और उभरती टेक कंपनियों को तेजी से आगे बढ़ने में मदद मिलेगी। क्रेडाई के यूपी के प्रेसीडेंट शोभित मोहन दास ने रियल एस्टेट सेक्टर की समस्याओं के समाधान के लिए उद्योग बंधु की तर्ज पर नियमित अंतराल पर “आवास बंधु” बैठक आयोजित किए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया।

दलित इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के स्टेट प्रेसिडेंट मनीष वर्मा से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रत्येक जनपद में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के कम से कम 10 युवा उद्यमियों को तैयार करने के लिए ठोस और योजनाबद्ध प्रयास किए जाने चाहिए, ताकि समावेशी औद्योगिक विकास को गति मिल सके।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0