2007 जामिया नगर दंगा मामला: दिल्ली कोर्ट ने 12 आरोपियों को किया बरी

May 23, 2026 - 09:44
 0  9
2007 जामिया नगर दंगा मामला: दिल्ली कोर्ट ने 12 आरोपियों को किया बरी

नई दिल्ली

 दिल्ली की राउस एवेन्यू कोर्ट में स्थित एक विशेष अदालत ने 2007 के जामिया नगर दंगा मामले में 12 आरोपियों को आरोपमुक्त कर दिया है। अदालत ने आरोपों पर सुनाएगए अपने फैसले में दिल्ली पुलिस की जांच पर गंभीर सवाल उठाए। अदालत ने कहा कि रिकॉर्ड से जांच की निष्पक्षता और विश्वसनीयता पर संदेह पैदा होता है।

स्पेशल जज विशाल गोगने ने 95 पन्नों के आदेश में कहा कि मामले में पहचान परेड (TIP) नहीं कराई गई, जबकि ऐसे मामलों में यह एक बेहद अहम प्रक्रिया होती है। अदालत के अनुसार, इसके बिना केवल पुलिस गवाहों के आधार पर आरोपियों की पहचान को पूरी तरह विश्वसनीय नहीं माना जा सकता।

जांच पर अदालत की टिप्पणी
अदालत ने कहा कि जिन 12 आरोपियों को बरी किया गया, उनकी गिरफ्तारी घटना के अगले दिन अलग-अलग सार्वजनिक स्थानों से दिखाई गई थी। जज ने कहा कि रिकॉर्ड से यह जाहिर होता है कि गिरफ्तारी और पहचान की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। अदालत ने इस पर भी गौर किया कि जांच में किसी स्वतंत्र सार्वजनिक गवाह को शामिल नहीं किया गया।

फैसले में कहा गया कि सार्वजनिक गवाहों की गैर-मौजूदगी और पहचान परेड न होने से अभियोजन का मामला कमजोर पड़ता है। हालांकि, अदालत ने 13 अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया है। अभियोजन के अनुसार, ये आरोपी कथित रूप से भीड़ का नेतृत्व कर रहे थे और उन पर दंगा, आगजनी, डकैती और हत्या की कोशिश जैसे आरोप हैं।

जामिया नगर पुलिस चौकी पर हुआ था हमला
लंबी चली कानूनी प्रक्रिया मामला 22 सितंबर, 2007 का है। अभियोजन पक्ष के अनुसार, करीब 1,500 लोगों की भीड़ ने जामिया नगर पुलिस चौकी पर हमला किया था। आरोप था कि स्थानीय बाजार को हटाने की कार्रवाई के विरोध में हिंसा हुई, जिसमे आगजनी, पुलिसकर्मियों पर हमला और सरकारी सपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया। करीब 20 साल पुराने इस मामले में पाच आरोपियों की मौत हो चुकी है, जिसके कारण उनके खिलाफ कार्यवाही समाप्त हो गई है। वहीं एक आरोपी अब भी फरार घोषित है।

 

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0