प्रदेश में स्टार्टअप्स को मिल रहा मजबूत सहारा, बेहतर ईकोसिस्टम तैयार कर रही सरकार : भजनलाल शर्मा

Jan 6, 2026 - 16:44
 0  7
प्रदेश में स्टार्टअप्स को मिल रहा मजबूत सहारा, बेहतर ईकोसिस्टम तैयार कर रही सरकार : भजनलाल शर्मा

जयपुर
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वर्तमान सदी में मानवता के लिए एक नया कोड-एक नई भाषा लिख रहा है। उन्होंने एआई को प्रदेश की विकास यात्रा का महत्वपूर्ण घटक बताते हुए कहा कि इसके विवेकपूर्ण उपयोग से सरकार ई-गवर्नेंस और डिजिटल समावेशन को और अधिक व्यापक एवं जन केन्द्रित बना रही है।

मुख्यमंत्री ने मंगलवार को जयपुर के जेईसीसी में आयोजित राजस्थान रीजनल एआई इम्पैक्ट कॉन्फ्रेंस 2026 के उद्घाटन सत्र को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एआई स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि सहित अनेक क्षेत्रों में परिवर्तन लाकर लोगों के जीवन को बेहतर बना रहा है और विकसित भारत एवं विकसित राजस्थान के लक्ष्यों को प्राप्त करने में सहायक सिद्ध होगा। उन्होंने उद्यमियों, निवेशकों और युवाओं को एआई के उभरते क्षेत्र में सहभागी बनने के लिए राजस्थान में आमंत्रित भी किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में देश एआई के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित कर रहा है। प्रधानमंत्री का मानना है कि एआई केवल एक तकनीक नहीं, बल्कि 21वीं सदी में राष्ट्रीय शक्ति और समृद्धि का आधार है। एआई देश की नीति, अर्थव्यवस्था, सुरक्षा और सामाजिक संरचना को बेहतर स्वरूप दे रहा है।

एआई-एमएल पॉलिसी से नवाचार को बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में तकनीक और स्टार्टअप के सशक्त इकोसिस्टम के निर्माण के लिए सरकार निरंतर प्रयासरत है। राज्य सरकार द्वारा लाई गई एआई-एमएल पॉलिसी से एआई सिस्टम अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और निजता-संरक्षण के प्रति जवाबदेह बनेंगे। इस नीति से सार्वजनिक सेवा वितरण अधिक त्वरित, नागरिक-केंद्रित और पारदर्शी होगा तथा प्रशासनिक दक्षता बढ़ेगी। उन्होंने बताया कि एआई से जुड़े साइबर अपराधों की रिपोर्टिंग और समाधान की प्रक्रिया सरल की जाएगी, प्रदेश में एआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित होगा तथा स्कूलों, आईटीआई, पॉलिटेक्निक और कॉलेजों में एआई शिक्षा को प्रोत्साहन दिया जाएगा। उद्योग, स्टार्टअप और रिसर्च संस्थानों को भी विशेष प्रोत्साहन प्रदान किए जाएंगे।

5 हजार युवाओं को कौशल प्रशिक्षण, राजस्थान में डेटा सेंटर की स्थापना
केन्द्रीय सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने घोषणा करते हुए कहा कि राजस्थान में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए उद्योग संगठनों के सहयोग से नए प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे। इसके तहत राज्य में 5 हजार युवाओं को कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही, आने वाले समय में राजस्थान में डेटा सेंटर स्थापित किया जाएगा, जिसके लिए शीघ्र ही आवश्यक प्रक्रियाएं प्रारंभ होंगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के विशेष फोकस के तहत सीमावर्ती क्षेत्रों में रेलवे कनेक्टिविटी का विस्तार किया जा रहा है। बीकानेर से जैसलमेर और सीमावर्ती इलाकों तक रेल नेटवर्क को मजबूत करने के कार्य प्रगति पर हैं, जिससे सुरक्षा, विकास और संपर्क में उल्लेखनीय सुधार होगा।

डिजिफेस्ट स्टार्टअप्स के लिए ग्लोबल गेटवे
मुख्यमंत्री ने कहा कि डिजिफेस्ट ने स्टार्टअप्स को निवेशकों से, विद्यार्थियों को अवसरों से और उद्योग को सरकार से जोड़ डिजिटल राजस्थान का मार्ग प्रशस्त किया है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन स्टार्टअप्स के लिए ग्लोबल गेटवे साबित हो रहे हैं, जहां फंडिंग के साथ-साथ विश्वस्तरीय मेंटर्स का मार्गदर्शन भी मिल रहा है। एआई-एमएल, फिनटेक, एग्रीटेक, एआर-वीआर और प्रॉपटेक जैसे क्षेत्रों में विचार-विमर्श से नए अवसरों के द्वार खुल रहे हैं।

राजस्थान में हर माह 81 हजार करोड़ रुपये के यूपीआई लेनदेन
शर्मा ने कहा कि राजस्थान में 6 करोड़ 50 लाख से अधिक मोबाइल उपयोगकर्ता हैं और हर माह औसतन 81 हजार करोड़ रुपये से अधिक के यूपीआई लेनदेन हो रहे हैं। ऑनलाइन सेवाओं के बढ़ते उपयोग को देखते हुए साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए ऑपरेशन एंटी वायरस के माध्यम से साइबर अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि एवीजीसी-एक्सआर पॉलिसी, डेटा सेंटर नीति 2025, अटल इनोवेशन स्टूडियो, स्टार्टअप लॉन्चपैड, लीप प्रोग्राम और सेंटर फॉर एडवांस्ड स्किलिंग जैसी पहलों से प्रदेश में रोजगार और नवाचार को बढ़ावा मिल रहा है। एआई के विस्तार के साथ-साथ भी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के दौरान हुए निवेश समझौतों में से बड़ी संख्या में परियोजनाएं धरातल पर उतर रही हैं। निवेश अनुकूल वातावरण, नई नीतियों, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस और राजनिवेश पोर्टल के कारण राजस्थान निवेशकों के लिए शीर्ष राज्यों में शामिल हुआ है। प्रवासी राजस्थानियों के लिए बनाई गई नीति और विभाग से उन्हें प्रदेश के विकास में सक्रिय भागीदारी का अवसर मिल रहा है।

एआई जीवन का अभिन्न अंग बनेगा, जन-जन तक पहुंचेगी कंप्यूट सुविधा - केन्द्रीय सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव
केन्द्रीय सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव कार्यक्रम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आने वाले समय में मानव जीवन का अभिन्न अंग बनेगा और हर व्यक्ति, हर घर तथा हर उद्यम तक इसकी पहुंच होगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत में एआई को समावेशी, सुलभ और जनोपयोगी बनाने की दिशा में ठोस और दूरदर्शी कदम उठाए जा रहे हैं।
 

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0